शहडोल में तेज रफ्तार कार दुकान में घुसी:हादसे में घायल बच्चे की इलाज की दौरान मौत; दुकान में बैठा था
शहडोल जिले के ब्यौहारी थाना क्षेत्र के ग्राम भमरहा में सोमवार शाम सड़क हादसे में 9 वर्षीय बालक की मौत हो गई। तेज रफ्तार कार सड़क किनारे बनी किराना दुकान में घुस गई थी, जिससे दुकान में बैठा बालक गंभीर रूप से घायल हो गया था। उपचार के दौरान देर रात उसकी मौत हो गई। पुलिस के अनुसार, कैथा चौराहा के पास महेंद्र सिंह की किराना दुकान है। सोमवार शाम उनका बेटा दीपक दुकान में बैठा था। इसी दौरान ब्यौहारी की ओर से आ रही एक कार अचानक अनियंत्रित होकर दुकान के अंदर जा घुसी। टक्कर के बाद दुकान का सामान बिखर गया और दीपक गंभीर रूप से घायल हो गया। रीवा ले जाते समय तोड़ा दम हादसे की आवाज सुनकर परिवार और आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। घायल बालक को तुरंत अस्पताल ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उसकी हालत गंभीर होने पर रीवा रेफर किया, लेकिन रास्ते में ही उसकी मौत हो गई। मंगलवार को बालक का शव रीवा से शहडोल लाया जा रहा है। पोस्टमार्टम के बाद अंतिम संस्कार किया जाएगा। चालक हिरासत में, जांच जारी घटना की सूचना मिलने पर ब्यौहारी थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने कार और चालक को हिरासत में ले लिया है। वाहन जब्त कर मामले की जांच शुरू कर दी गई है। थाना प्रभारी जिया उल हक ने बताया कि मामले में मर्ग कायम किया गया है। चालक से पूछताछ की जा रही है। पुलिस हादसे के कारणों की जांच कर रही है। क्षेत्र में बढ़ रहे सड़क हादसे ब्यौहारी क्षेत्र में लगातार सड़क हादसे सामने आ रहे हैं। इससे एक दिन पहले भी सड़क दुर्घटना में एक बालक की मौत हुई थी। रविवार को सड़क पर निकले एक बच्चे को गैस सिलेंडर से भरे वाहन ने टक्कर मार दी थी।
Tue, 26 May 2026 07:38:17 +0000
बुरहानपुर में दाऊदी बोहरा समाज ने मनाई ईद उल अजहा:मस्जिदों में नमाज अदा, शहर आमिल ने दिया भाईचारे का संदेश
बुरहानपुर में दाऊदी बोहरा समाज ने मंगलवार को ईद उल अजहा का पर्व श्रद्धा और भाईचारे के साथ मनाया। शहर की सभी दाऊदी बोहरा मस्जिदों में समाजजनों ने बड़ी संख्या में ईद की नमाज अदा की। यह पर्व शहर आमिल शेख हैदर जमाली की सदारत में मनाया गया। नजमी मस्जिद में सुबह फजर की नमाज के बाद करीब 6 बजे ईद उल अजहा का विशेष खुतबा पढ़ा गया। शहर आमिल ने खुतबे में कुर्बानी, त्याग, इंसानियत और भाईचारे का संदेश दिया। नमाज में महिला, पुरुष और बच्चों ने भाग लिया। इस दौरान देश-दुनिया में अमन, चैन और खुशहाली की दुआ मांगी गई। एक-दूसरे को ईद की मुबारकबाद दी मस्जिदों में सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए थे। नमाज के बाद लोगों ने गले मिलकर एक-दूसरे को ईद की मुबारकबाद दी। मिठाइयां बांटी गईं और घरों में पारंपरिक व्यंजन बनाए गए। बच्चों में पर्व को लेकर खासा उत्साह देखा गया। समाज की पीआरओ कमेटी के को-ऑर्डिनेटर तफज्जुल हुसैन मुलायमवाला ने बताया कि दाऊदी बोहरा समाज हमेशा सामाजिक सद्भाव का संदेश देता है। ईद का यह पर्व आपसी प्रेम और त्याग की भावना को मजबूत करता है।
Tue, 26 May 2026 07:38:17 +0000
संघ प्रमुख मोहन भागवत का शहडोल प्रवास पूरा:कड़ी सुरक्षा के बीच रायपुर के लिए हुए रवाना
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत ने अपना तीन दिवसीय शहडोल प्रवास पूरा किया। वे देर रात कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच सारनाथ एक्सप्रेस से रायपुर के लिए रवाना हुए। आदिवासी अंचल में संघ प्रमुख का यह दौरा संगठनात्मक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना गया। संघ प्रमुख 20 मई को कटनी से शहडोल पहुंचे थे। उनका यह दौरा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रथम विकास वर्ग के आयोजन के सिलसिले में था। इस प्रशिक्षण वर्ग में मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के मालवा एवं मध्य क्षेत्र से 383 स्वयंसेवकों ने भाग लिया। 19 मई से शुरू हुए इस वर्ग के दौरान डॉ. भागवत ने स्वयंसेवकों से संवाद किया। उन्होंने कई बौद्धिक सत्रों को संबोधित किया और संघ के संगठनात्मक विषयों पर पदाधिकारियों के साथ चर्चा की। 350 अधिकारी कर्मचारी तैनात रहे संघ प्रमुख के दौरे के मद्देनजर पूरे शहर को हाई-सिक्योरिटी जोन में बदल दिया गया था। उनकी Z+ श्रेणी की सुरक्षा के तहत सीआईएसएफ, स्पेशल ब्रांच, जिला पुलिस और अन्य जिलों से आए लगभग 350 अधिकारी-कर्मचारी सुरक्षा में तैनात थे। पांडवनगर स्थित सरस्वती स्कूल परिसर में 24 घंटे सुरक्षा निगरानी की गई। डीएसपी रैंक के अधिकारियों के साथ सीआईएसएफ की विशेष टीम लगातार सुरक्षा व्यवस्था पर नजर रख रही थी। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का कार्यकर्ता विकास वर्ग (सामान्य प्रथम वर्ष) 18 मई से सरस्वती स्कूल पांडवनगर में आयोजित किया जा रहा है, जिसका समापन 7 जून को होगा। संघ प्रमुख तीन दिनों तक इसी वर्ग के कार्यक्रमों में शामिल रहे और पूरे समय परिसर के भीतर ही रुके। पांडवनगर में रही कड़ी सुरक्षा सुरक्षा कारणों से पांडवनगर क्षेत्र के 500 मीटर दायरे में ड्रोन उड़ाने पर प्रतिबंध था। आगमन और प्रस्थान के दौरान शहर के कई प्रमुख मार्गों पर यातायात भी डायवर्ट किया गया। प्रवास के अंतिम दिन देर रात डॉ. भागवत शहडोल रेलवे स्टेशन पहुंचे, जहां सुरक्षा एजेंसियों की निगरानी में उन्हें सारनाथ एक्सप्रेस से रायपुर के लिए रवाना किया गया।
Sat, 23 May 2026 07:33:47 +0000
कुएं से बाहर निकलते ही तेंदुए का हमला:शिवपुरी में रेस्क्यू के दौरान मची अफरा-तफरी; 2 ग्रामीण घायल
शिवपुरी जिले के बैराड़ थाना क्षेत्र के उमरी गांव में शनिवार सुबह एक तेंदुए के रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान अचानक अफरा-तफरी मच गई। कुएं से बाहर निकालते ही तेंदुए ने वन विभाग की टीम और मदद कर रहे ग्रामीणों पर हमला कर दिया। इस हमले में दो ग्रामीण घायल हो गए, जिन्हें उपचार के लिए बैराड़ स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया है। जानकारी के अनुसार, उमरी गांव के पास एक तेंदुआ गाय के बछड़े का शिकार करने की कोशिश कर रहा था। इसी दौरान वह असंतुलित होकर एक गहरे कुएं में जा गिरा। ग्रामीणों ने कुएं में तेंदुए को देखा तो तत्काल इसकी सूचना वन विभाग को दी। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम रेस्क्यू के लिए मौके पर पहुंची। तेंदुए को कुएं से सुरक्षित बाहर निकालने के लिए स्थानीय ग्रामीणों की भी मदद ली गई। बाहर आते ही भीड़ पर झपटा, मची भगदड़ काफी मशक्कत के बाद जैसे ही तेंदुए को कुएं से बाहर निकाला गया, वह अचानक बेकाबू हो गया। बाहर आते ही उसने वहां मौजूद भीड़ पर हमला कर दिया, जिससे मौके पर अफरा-तफरी और भगदड़ मच गई। तेंदुए के इस अचानक हुए हमले में भिलौड़ी निवासी 59 वर्षीय मोहन सिंह (पुत्र भूपसिंह यादव) और 35 वर्षीय बुद्धा (पुत्र पूरन सिंह मोगिया) घायल हो गए। घटना के तुरंत बाद वन विभाग की टीम ने तत्परता दिखाते हुए दोनों घायलों को बैराड़ स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहां उनका उपचार चल रहा है। पोहरी रेंजर ने मामले से जताई अनभिज्ञता इस पूरे घटनाक्रम को लेकर पोहरी रेंजर श्रुति राठौर का बयान भी सामने आया है। उन्होंने बताया कि जिस स्थान पर यह घटना हुई है, वह वन क्षेत्र श्योपुर जिले की बेहरदा बीट के अंतर्गत आता है। इसी वजह से उन्हें इस मामले और रेस्क्यू ऑपरेशन की कोई आधिकारिक जानकारी नहीं है।
Sat, 23 May 2026 07:33:47 +0000
सेवा समाप्ति के विरोध में सड़कों पर उतरे पेसा मोबिलाइजर:तीन दिन में बहाली नहीं हुई तो 20 जिलों में प्रदेशव्यापी आंदोलन की चेतावनी
बैतूल में पेसा मोबिलाइजर कर्मचारी संघ ने शुक्रवार को कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया। संघ ने मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर अपनी सेवाएं समाप्त किए जाने का विरोध जताया। कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि यदि तीन दिन के भीतर उनकी सेवाएं बहाल नहीं की गईं, तो वे प्रदेशव्यापी आंदोलन करेंगे। संघ के अनुसार, मध्यप्रदेश के 20 जिलों के 89 आदिवासी विकासखंडों में वर्ष 2021 से राष्ट्रीय ग्राम स्वराज अभियान के तहत पेसा मोबिलाइजर कार्यरत थे। हाल ही में पंचायत एवं ग्रामीण विकास संचालनालय ने एक आदेश जारी कर आरजीएसए योजना की अवधि समाप्त होने का हवाला देते हुए इन मोबिलाइजरों को सेवा मुक्त कर दिया है। आजीविका का गंभीर संकट खड़ा हो गया प्रदर्शनकारी कर्मचारियों ने बताया कि इस फैसले से हजारों परिवारों के सामने आजीविका का गंभीर संकट खड़ा हो गया है। प्रदेशभर में पांच हजार से अधिक पेसा मोबिलाइजर कार्यरत हैं, जिनमें से अकेले बैतूल जिले में इनकी संख्या 265 बताई जा रही है। संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि पेसा मोबिलाइजरों ने आदिवासी और दूरस्थ क्षेत्रों में ग्राम सभाओं के संचालन, पेसा एक्ट और वनाधिकार कानून के प्रति जागरूकता फैलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने गौण वनोपज संग्रहण, पंचायत गतिविधियों और शासन की विभिन्न योजनाओं को गांव-गांव तक पहुंचाने में भी सहयोग किया। बोले- मानदेय बढ़ाने की घोषणा की थी इसके अतिरिक्त, इन कर्मचारियों ने लाड़ली बहना योजना, आयुष्मान कार्ड, समग्र आईडी, संबल, राशन, पेंशन और ई-केवाईसी जैसे महत्वपूर्ण कार्यों में भी सक्रिय योगदान दिया। कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि सरकार ने पहले उनके कार्यों की सराहना करते हुए मानदेय बढ़ाने की घोषणा की थी, लेकिन अब अचानक सेवा समाप्ति का आदेश जारी कर दिया गया है। संघ ने मांग की है कि सेवा समाप्ति का आदेश तत्काल निरस्त किया जाए और तीन दिन के भीतर सभी पेसा मोबिलाइजरों की सेवाएं पूर्ववत बहाल की जाएं। कर्मचारियों ने दोहराया कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं होती हैं, तो भारतीय मजदूर संघ के बैनर तले एक बड़ा प्रदेशव्यापी आंदोलन शुरू किया जाएगा।
Fri, 22 May 2026 10:05:45 +0000
उमरिया में 42.1°C तापमान दर्ज:मूंग-उड़द प्रभावित, कृषि वैज्ञानिक ने रात में सिंचाई की सलाह दी
उमरिया जिले में लगातार बढ़ते तापमान ने जनजीवन और किसानों की चिंता बढ़ा दी है। शुक्रवार को जिले का अधिकतम तापमान 42.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। तेज धूप और उमस भरी गर्मी के कारण जिला मुख्यालय की सड़कें सुबह दस बजे के बाद ही सूनी होने लगीं, और दोपहर एक बजे तक बाजारों व प्रमुख चौराहों पर सन्नाटा छा गया। गर्मी का असर अब कृषि फसलों पर भी स्पष्ट रूप से दिख रहा है। जिले में बोई गई मूंग और उड़द की फसलें अत्यधिक तापमान के कारण प्रभावित हो रही हैं। खेतों में नमी तेजी से कम होने लगी है, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। जिला मुख्यालय पहुंचे सुरेंद्र ने बताया कि गर्मी इतनी तीव्र है कि सिर और कान ढके बिना घर से निकलना मुश्किल हो गया है। दोपहर के समय चलने वाली गर्म हवाओं से लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। दोपहर के समय नहीं करें सिंचाई कृषि वैज्ञानिक डॉ. धनंजय सिंह ने किसानों को सलाह दी है कि वर्तमान मौसम में फसलों की लगातार निगरानी आवश्यक है। उन्होंने स्पष्ट किया कि दिन के समय सिंचाई करने से पौधों के जलने का खतरा रहता है, इसलिए किसानों को रात के समय ही सिंचाई करनी चाहिए। इसके अतिरिक्त, खेतों में नमी बनाए रखने के लिए अन्य आवश्यक उपाय करने की भी सलाह दी गई है।
Fri, 22 May 2026 10:05:44 +0000
मऊगंज के कोढ़वा में जल संकट:महिलाएं 1 किमी दूर स्कूल से लाती हैं पानी; प्रशासन बोला- निपटने की तैयारी
मऊगंज जिले के हनुमना विकासखंड स्थित ग्राम कोढ़वा में गर्मी बढ़ने के साथ ही जल संकट गहरा गया है। गांव की महिलाओं की सुबह सूरज निकलने से पहले ही पानी की तलाश में शुरू हो जाती है। हाथों में बाल्टियां और बर्तन लेकर महिलाएं रोजाना कई किलोमीटर पैदल चलकर पानी लाने को मजबूर हैं। गांव की स्थिति किसी सूखे इलाके जैसी दिखती है, जहां हर दिन पानी के लिए संघर्ष ग्रामीणों की दिनचर्या बन गया है। गांव के पथरीले भूभाग के कारण जलस्तर लगातार गिर रहा है। ग्रामीणों के अनुसार, पूरे गांव और आसपास के इलाके में केवल एक सरकारी नल है, जिससे कुछ देर के लिए पानी आता है। यहां पानी भरने के लिए लंबी लाइन लगती है और एक बाल्टी पानी भरने में घंटों लग जाते हैं। कई बार ग्रामीणों को खाली बर्तन लेकर लौटना पड़ता है। ग्रामीण महिलाओं का कहना है कि गांव की प्यास अब स्कूल के भरोसे है। उन्हें करीब डेढ़ किलोमीटर दूर स्थित सरकारी स्कूल के नल से पानी भरकर लाना पड़ता है। वहीं, गांव का तालाब पूरी तरह गंदगी से भर गया है। उसका पानी न तो पीने योग्य है और न ही पशुओं के उपयोग के लिए बचा है। ग्रामीण लालू यादव ने बताया कि गांव में पिछले 10 वर्षों से गर्मी के दिनों में पानी की गंभीर समस्या बनी हुई है। उन्होंने कहा कि गर्मी बढ़ने पर स्थिति और बिगड़ जाती है। शादी-ब्याह जैसे आयोजनों के लिए भी दूर से पानी के टैंकर मंगवाने पड़ते हैं। उनका आरोप है कि गांव की समस्या पर कोई ध्यान नहीं दे रहा है। एक अन्य ग्रामीण मुन्नीलाल ने बताया कि गांव में करीब 30 से 40 घर हैं और पहाड़ी इलाका होने के कारण पानी की समस्या हमेशा बनी रहती है। उन्होंने कहा कि मंदिर के पास और स्कूल में लगे बोरवेल ही गांव का एकमात्र सहारा हैं। सुबह से ही लोग लाइन लगाते हैं, लेकिन पानी मिलने की कोई गारंटी नहीं होती। उनका कहना है कि तालाब का पानी केवल नहाने तक सीमित है, पीने के लिए इसका उपयोग नहीं किया जा सकता। ग्रामीणों का आरोप है कि भारी बर्तन ढोने के कारण महिलाएं शारीरिक परेशानियों का सामना कर रही हैं। वहीं कई बच्चे स्कूल जाने के बजाय पानी भरने में परिवार की मदद करते नजर आते हैं। ग्रामीणों का कहना है कि सरकार हर घर जल योजना के बड़े-बड़े दावे करती है, लेकिन कोढ़वा गांव की तस्वीरें उन दावों की हकीकत बयां कर रही हैं। हालांकि प्रशासन का कहना है कि स्थिति नियंत्रण में है और लगातार निगरानी की जा रही है। पीएचई विभाग के एसडीओ संजीव कुमार तिवारी ने बताया कि इलाके में वाटर लेवल काफी नीचे चला गया है, जिसके कारण समस्या उत्पन्न हुई है। उन्होंने कहा कि गांव के नजदीक मौजूद बोर से पाइपलाइन के माध्यम से एक अतिरिक्त स्टैंड पोस्ट लगाने की योजना बनाई जा रही है, ताकि ग्रामीणों को कम दूरी तय करनी पड़े। उन्होंने माना कि जल संकट है, लेकिन विभाग समाधान के प्रयास कर रहा है। वहीं मऊगंज कलेक्टर संजय कुमार जैन ने कहा कि जिले में कुछ स्थानों पर पानी की समस्या जरूर सामने आई है, लेकिन प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। उन्होंने बताया कि जिन गांवों से शिकायतें आई हैं, वहां टीम भेजकर जांच कराई गई है। विशेष परिस्थिति ऐसी नहीं है, फिर भी प्रशासन स्थानीय जल स्रोतों और जल परिवहन के जरिए लोगों तक पानी पहुंचाने की तैयारी में है। उन्होंने यह भी कहा कि जल जीवन मिशन के तहत गांव में काम चल रहा है और अगले महीने तक कई इलाकों में नल से पानी पहुंचने लगेगा। पूरे जिले में पर जल संकट को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट है। फिलहाल कोढ़वा गांव के लोग सिर्फ एक उम्मीद लगाए बैठे हैं—कि इस बार गर्मी गुजरने से पहले उनके घर तक पानी पहुंच जाए।
Wed, 20 May 2026 08:27:21 +0000
चिल्ला डैम में सिर्फ 2 फीट पानी शेष:शाजापुर में गहराया जल संकट, 15 जून तक ही सप्लाई संभव
शाजापुर शहर भीषण गर्मी के बीच गंभीर जल संकट का सामना कर रहा है। शहर के 29 वार्डों में रहने वाले लगभग 70 हजार लोगों को एक दिन छोड़कर पानी की आपूर्ति की जा रही है, लेकिन अब कई इलाकों में नलों से पानी आने का समय भी घट गया है। पहले जहां एक घंटे तक पानी आता था, वहीं अब यह अवधि घटकर 30 से 45 मिनट रह गई है। इससे लोगों को पीने और दैनिक जरूरतों के लिए पर्याप्त पानी नहीं मिल पा रहा है। दैनिक भास्कर टीम की पड़ताल में कई वार्डों के निवासियों ने पानी की कमी की शिकायत की। स्थानीय निवासी महेश चौहान ने बताया कि पहले की तुलना में पानी बहुत कम आ रहा है और आधे घंटे में उनकी टंकियां भी नहीं भर पातीं। वहीं, आदित्य नगर की रेखा ने कहा कि नलों में 40 से 45 मिनट ही पानी आता है, जिससे घर की जरूरतें पूरी करना मुश्किल हो रहा है। सिंचाई विभाग के एसडीओ अंकित पाटीदार ने जानकारी दी कि चिल्ला डैम में फिलहाल केवल 2 फीट पानी बचा है। यह पानी अधिकतम 15 जून तक ही चल पाएगा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि समय पर बारिश नहीं हुई, तो शहर को गंभीर जल संकट का सामना करना पड़ सकता है। हालांकि, नगर पालिका सीएमओ भूपेंद्र कुमार दीक्षित का कहना है कि शहर में फिलहाल पर्याप्त पानी दिया जा रहा है। उन्होंने स्वीकार किया कि कुछ स्थानों पर पाइपलाइन लीकेज और तकनीकी समस्याओं के कारण आपूर्ति का समय प्रभावित हुआ है, जिसे जल्द ही ठीक कर लिया जाएगा।
Wed, 20 May 2026 08:27:21 +0000
केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने लिखी पीएम पर किताब:‘अपनापन’ का 26 मई को दिल्ली में होगा विमोचन, चौहान ने एक्स पर दी जानकारी
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के व्यक्तित्व और कार्यशैली पर आधारित पुस्तक ‘अपनापन’ लिखी है। इसकी जानकारी शिवराज सिंह चौहान ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए दी। पुस्तक का विमोचन 26 मई को दिल्ली में किया जाएगा। शिवराज ने सोशल मीडिया पर लिखा कि उनके लिए ‘अपनापन’ केवल एक पुस्तक नहीं, बल्कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ बिताए गए 33 वर्षों के अनुभवों को शब्दों में उतारने का प्रयास है। उन्होंने कहा कि दुनिया मोदी को एक नेता के रूप में देखती है, लेकिन उन्होंने उनमें एक साधक, कर्मयोगी और असाधारण इंसान को करीब से देखा है। अगली सुबह फिर देश सेवा में जुट जाते हैं उन्होंने लिखा कि लोगों ने मोदी को मंचों से भाषण देते देखा है, लेकिन उन्होंने उस व्यक्ति को भी देखा है जो देर रात तक काम करने के बाद अगली सुबह उसी ऊर्जा के साथ देश सेवा में जुट जाता है। शिवराज के मुताबिक मोदी का हृदय गरीबों, किसानों, माताओं, बहनों, बेटियों और कार्यकर्ताओं के लिए धड़कता है। 1991 की एकता यात्रा का भी किया जिक्र शिवराज सिंह चौहान ने अपने पोस्ट में 1991 की एकता यात्रा को भी याद किया। उन्होंने कहा कि उस समय कई लोग इसे राजनीतिक यात्रा मान रहे थे, लेकिन नरेंद्र मोदी ने इसे राष्ट्रीय चेतना का अभियान बना दिया था। उनकी सोच थी कि तिरंगा केवल श्रीनगर के लाल चौक तक नहीं, बल्कि देश के हर युवा के दिल तक पहुंचना चाहिए। उन्होंने कहा कि उसी दौरान उन्हें पहली बार महसूस हुआ कि नेतृत्व केवल भाषण से नहीं, बल्कि तपस्या, अनुशासन, समर्पण और अपनेपन से आता है। किताब में नेतृत्व और बदलाव की झलक शिवराज ने कहा कि इस पुस्तक में केवल घटनाएं नहीं, बल्कि वह सोच भी मिलेगी जिसने देश को बदलने का साहस किया। उन्होंने दावा किया कि पुस्तक युवाओं, सामाजिक और राजनीतिक क्षेत्र में काम करने वाले लोगों को प्रेरित करेगी और बताएगी कि बड़े बदलाव सामूहिक प्रयास, अनुशासन और समर्पण से संभव होते हैं। उन्होंने कहा कि यदि पुस्तक पढ़ने के बाद लोगों को यह महसूस हो कि देश बदलने के लिए बड़े पद नहीं बल्कि बड़े संकल्प की जरूरत होती है, तो वे अपने प्रयास को सफल मानेंगे।
Thu, 14 May 2026 07:19:59 +0000
टीकमगढ़ में महिला से लाठी-डंडों से मारपीट, VIDEO:खेत में गिरे पेड़ को काटने पर विवाद, पुलिस पर मामूली धाराओं लगाने का आरोप
टीकमगढ़ जिले के चंदेरा थाना क्षेत्र के विजयपुर गांव में एक महिला के साथ लाठी-डंडों से मारपीट का मामला सामने आया है। यह घटना खेत में गिरे एक पेड़ को काटने को लेकर हुए विवाद के बाद हुई। पीड़ित महिला पुक्खन अहिरवार (42 वर्ष), जो मातादीन अहिरवार की पत्नी हैं, ने बताया कि 7 मई को हवा के कारण उनके खेत में एक नीम का पेड़ टूटकर गिर गया था। गुरुवार को जब वह पेड़ काटने पहुंचीं, तो पड़ोसी सुरेंद्र अहिरवार, बबलू अहिरवार और मुन्ना अहिरवार ने गाली-गलौज शुरू कर दी। महिला के अनुसार, उन्होंने कहा कि पेड़ उनके खेत से टूटा है, जिस पर तीनों आरोपियों ने मिलकर लाठी-डंडों से मारपीट शुरू कर दी। मौके पर मौजूद उनके पति ने बीच-बचाव किया। इस मारपीट में महिला के सिर में गंभीर चोट आई और हाथ-पैर में भी चोटें लगीं। पुक्खन अहिरवार का आरोप है कि चंदेरा थाना पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामूली धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। इस कार्रवाई से असंतुष्ट होकर महिला ने पुलिस अधीक्षक (एसपी) कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई है। एसपी ने मामले की जांच के निर्देश दिए हैं।
Thu, 14 May 2026 07:19:59 +0000